सरल गाइड
पैन कार्ड गाइड: कैसे बनवाएँ, आधार से जोड़ें, सुधारें और e-PAN डाउनलोड करें
पैन कार्ड की पूरी गाइड: मुफ़्त इंस्टेंट e-PAN कैसे लें, नया पैन कैसे बनवाएँ, आधार से कैसे जोड़ें, गलती कैसे सुधारें, e-PAN कैसे डाउनलोड करें और पैन निष्क्रिय हो जाए तो क्या होगा।
परमानेंट अकाउंट नंबर (पैन) आयकर विभाग द्वारा जारी 10 अक्षरों का नंबर है। यह टैक्स के लिए आपकी पहचान है और आयकर रिटर्न भरने, कई वित्तीय खाते खोलने और बड़े लेन-देन के लिए चाहिए। इस गाइड में है कि पैन कैसे बनवाएँ, आधार से कैसे जोड़ें, गलतियाँ कैसे ठीक करें और कैसे डाउनलोड करें।
मुख्य बातें
- अगर आपके पास मान्य आधार है, मोबाइल नंबर उससे जुड़ा है और पहले कभी पैन नहीं बना, तो आप मुफ़्त में इंस्टेंट e-PAN ले सकते हैं।
- एक व्यक्ति के पास सिर्फ़ एक पैन हो सकता है। एक से ज़्यादा पैन रखना अपराध है और इस पर जुर्माना लग सकता है।
- ज़्यादातर लोगों के लिए पैन को आधार से जोड़ना ज़रूरी है। समय सीमा के बाद जोड़ने पर ₹1,000 लगते हैं।
- पैन आधार से न जुड़ा हो तो वह निष्क्रिय (इनऑपरेटिव) हो सकता है, जिससे रिफ़ंड और टैक्स कटौती पर असर पड़ता है।
पैन कैसा दिखता है?
पैन में पाँच अक्षर, चार अंक और एक अक्षर होता है, जैसे ABCDE1234F। चौथा अक्षर धारक का प्रकार बताता है (P यानी व्यक्ति, C यानी कंपनी वगैरह)। व्यक्ति के लिए पाँचवाँ अक्षर उसके उपनाम का पहला अक्षर होता है।
पैन कब चाहिए?
- आयकर रिटर्न भरने के लिए
- बैंक खाता, डीमैट खाता या म्यूचुअल फ़ंड खाता खोलने के लिए
- टैक्स नियमों में तय सीमा से ऊपर की संपत्ति या वाहन की खरीद-बिक्री के लिए
- बड़े नकद जमा और कुछ ऊँची रकम के भुगतान के लिए
- वेतन पाने के लिए, क्योंकि नियोक्ता आपके पैन से टैक्स काटता है
तरीका 1: इंस्टेंट e-PAN (मुफ़्त)
यह सबसे तेज़ तरीका है और इसमें कोई पैसा नहीं लगता। यह सिर्फ़ उन्हीं के लिए है जिनका पहले कभी पैन नहीं बना, जिनके पास मान्य आधार है और जिनका मोबाइल नंबर उसी आधार से जुड़ा है।
- आयकर ई-फ़ाइलिंग पोर्टल (incometax.gov.in) खोलें और “Instant e-PAN” चुनें।
- “Get New e-PAN” चुनें और आधार नंबर डालें।
- सहमति दें और आधार से जुड़े मोबाइल पर आया OTP डालें।
- जानकारी जाँचें, माँगे जाने पर ईमेल जोड़ें और जमा करें।
- आपको एक पावती संख्या मिलेगी। बाद में स्थिति देखें और e-PAN को PDF में डाउनलोड करें।
तरीका 2: सामान्य आवेदन (फ़ॉर्म 49A)
भारतीय नागरिक फ़ॉर्म 49A (विदेशी नागरिक 49AA) से आवेदन करते हैं। आप NSDL (Protean) या UTIITSL पोर्टल पर, या किसी अधिकृत सेवा केंद्र के ज़रिए आवेदन कर सकते हैं।
| आपका चुनाव | फ़ीस (GST समेत) |
|---|---|
| फ़िज़िकल पैन कार्ड और e-PAN, भारत का पता | लगभग ₹107 |
| सिर्फ़ e-PAN (ईमेल पर), भारत का पता | लगभग ₹72 |
| फ़िज़िकल कार्ड, भारत से बाहर का पता | लगभग ₹1,017 |
फ़ीस बदल सकती है, इसलिए भुगतान से पहले आधिकारिक पोर्टल पर दिखी रकम देख लें। आपको पहचान, पते और जन्मतिथि का सबूत चाहिए। आधार आधारित e-KYC से यह आसान हो जाता है क्योंकि वह तीनों को कवर करता है। फ़िज़िकल कार्ड डाक से आता है।
पैन को आधार से कैसे जोड़ें
जिन्हें 1 जुलाई 2017 को या उससे पहले पैन मिला था, और जिन्होंने आधार नामांकन ID से पैन लिया था, उनके लिए जोड़ना ज़रूरी है। समय सीमाएँ निकल चुकी हैं, इसलिए अब जोड़ने के लिए ₹1,000 विलंब शुल्क लगता है। इन्हें छूट है: असम, जम्मू-कश्मीर और मेघालय के निवासी, अनिवासी, और 80 साल या उससे अधिक उम्र के व्यक्ति।
- ई-फ़ाइलिंग पोर्टल खोलें या लॉगिन करें और e-Pay Tax पर जाएँ।
- पैन-आधार देर से जोड़ने के विकल्प में ₹1,000 का भुगतान करें। भुगतान की पुष्टि होने तक रुकें।
- Link Aadhaar चुनें, पैन और आधार नंबर डालें और आधार से जुड़े मोबाइल पर आया OTP डालें।
- जमा करें। स्थिति “Link Aadhaar Status” में देखी जा सकती है। इसमें लगभग 30 दिन तक लग सकते हैं।
पैन और आधार पर नाम और जन्मतिथि का मेल होना चाहिए। मेल न खाए तो पहले एक में सुधार करवाएँ (नीचे देखें)।
पैन निष्क्रिय हो जाए तो क्या होगा?
- आपका आयकर रिफ़ंड रुक सकता है, और पैन जितने समय निष्क्रिय रहे उस दौरान उस पर ब्याज नहीं मिलता।
- स्रोत पर कटा टैक्स (TDS) और वसूला गया टैक्स (TCS) ऊँची दर से लग सकता है।
- जिन सेवाओं में मान्य पैन चाहिए, जैसे कुछ बैंक और निवेश लेन-देन, उन पर असर पड़ सकता है।
इसे फिर चालू करने के लिए ऊपर बताई गई जोड़ने की प्रक्रिया पूरी करें। अनुरोध के लगभग 30 दिन में पैन फिर चालू हो जाता है।
पैन की जानकारी सुधारें या अपडेट करें
वर्तनी की गलती, शादी के बाद नाम बदलने, नए पते या जन्मतिथि सुधारने के लिए NSDL (Protean) या UTIITSL पोर्टल पर “Changes or Correction in PAN Data” फ़ॉर्म इस्तेमाल करें। आपका पैन नंबर वही रहता है। भारत के पते के लिए सुधार का शुल्क लगभग ₹50 है, और खोए या खराब कार्ड की दोबारा छपाई का शुल्क भी लगभग ₹50 है। बदलाव का सबूत साथ रखें। अगर आधार में जानकारी गलत है, तो पहले हमारी आधार गाइड से आधार ठीक करवाएँ।
e-PAN दोबारा डाउनलोड करें
पैन कार्ड खो जाए तो नंबर नहीं खोता। आयकर पोर्टल पर अपनी जानकारी से “Know Your PAN” करके पैन पता कर सकते हैं, और e-PAN को NSDL (Protean) या UTIITSL साइट से, या अगर इंस्टेंट तरीके से बना था तो ई-फ़ाइलिंग पोर्टल से डाउनलोड कर सकते हैं। अगर पैन पिछले 30 दिनों में बना या अपडेट हुआ है तो डाउनलोड मुफ़्त है, उसके बाद थोड़ी फ़ीस लगती है।
इन गलतियों और ठगी से बचें
- मुफ़्त इंस्टेंट e-PAN के लिए किसी एजेंट को पैसे न दें।
- पहले से पैन होने पर दूसरा पैन न बनवाएँ। दो पैन हों तो अतिरिक्त वाला सरेंडर करें।
- “लिंक पर क्लिक करके पैन अपडेट करें” या OTP माँगने वाले संदेशों को अनदेखा करें। आयकर विभाग ऐसा नहीं माँगता।
- सिर्फ़ incometax.gov.in, NSDL (Protean) और UTIITSL की वेबसाइटें इस्तेमाल करें।
- PAN 2.0 परियोजना, जिसमें QR कोड जुड़ता है, मुफ़्त है। आपका मौजूदा पैन मान्य रहता है।
स्रोत
- आयकर विभाग का ई-फ़ाइलिंग पोर्टल
- Protean: नए पैन आवेदन की फ़ीस
- ClearTax: पैन-आधार लिंक की समय सीमा और नियम
आख़िरी जाँच: 27 अक्टूबर 2026। फ़ीस, समय सीमाएँ और प्रक्रियाएँ बदल सकती हैं, इसलिए कदम उठाने से पहले आधिकारिक पोर्टल पर पुष्टि कर लें। यह गाइड सामान्य जानकारी है, टैक्स सलाह नहीं।