सरल जानकारी
SSY कैलकुलेटर: सुकन्या समृद्धि योजना मैच्योरिटी और ब्याज
यहाँ से शुरू करें · सुकन्या समृद्धि आसान भाषा में
पहले समझें: सुकन्या समृद्धि योजना क्या है?
सुकन्या समृद्धि योजना (SSY) बेटियों के लिए सरकार की छोटी बचत योजना है। माता-पिता या क़ानूनी अभिभावक बेटी के नाम से खाता खोलते हैं और 15 साल तक पैसे जमा करते हैं। खाता खुलने के 21 साल बाद मैच्योर होने तक बैलेंस पर ब्याज मिलता रहता है। यह उच्च शिक्षा या शादी जैसे लंबे लक्ष्यों के लिए सही बैठती है।
पहले बुनियादी बातें समझें, फिर गणना करें ↓SSY कैसे काम करती है?
- बेटी के 10 साल की होने से पहले खोलेंमाता-पिता या क़ानूनी अभिभावक डाकघर या अधिकृत बैंक में खाता खोल सकते हैं। एक बेटी का एक ही खाता हो सकता है, और आम तौर पर एक परिवार की दो बेटियों तक के खाते; जुड़वाँ या तीन बच्चों की स्थिति में छूट है।
- 15 साल तक जमा करेंएक वित्तीय वर्ष में ₹250 से ₹1,50,000 तक जमा करें, एक बार में या कई किस्तों में। किसी साल न्यूनतम जमा चूकने पर खाता निष्क्रिय हो जाता है; चूकी हुई राशि और थोड़ा जुर्माना देकर इसे दोबारा चालू किया जा सकता है।
- 21वें साल तक बढ़ने दें15 साल बाद नया जमा स्वीकार नहीं होता, लेकिन 21वें साल में मैच्योर होने तक बैलेंस पर ब्याज मिलता रहता है।
अगर आप जमा करें
₹1,00,000 सालाना8.2% पर यह बन सकता है
लगभग ₹47.9 लाखआप 15 साल में कुल ₹15 लाख जमा करेंगे। बाक़ी रक़म ब्याज है। यह 8.2% की स्थिर दर पर एक उदाहरण है; असली दर हर तिमाही बदल सकती है, इसलिए अंतिम रक़म ज़्यादा या कम हो सकती है।
परिवार SSY क्यों चुनते हैं?
सरकारी योजना: दर और नियम सरकार तय करती है, शेयर बाज़ार नहीं।
टैक्स की स्थिति: पुरानी टैक्स व्यवस्था में जमा पर धारा 80C की कटौती मिलती है, और ब्याज व मैच्योरिटी राशि फ़िलहाल टैक्स-फ़्री हैं। नई व्यवस्था में 80C की कटौती नहीं मिलती।
लंबे लक्ष्य के लिए बनी: लॉक-इन आपको बेटी की पढ़ाई या शादी के लिए बचत जारी रखने में मदद करता है।
किन बातों का ध्यान रखें?
यह इमरजेंसी फ़ंड नहीं है। बेटी के 18 साल की होने या 10वीं पास करने के बाद पढ़ाई के लिए बैलेंस का 50% तक निकाल सकते हैं। समय से पहले खाता बंद करना सिर्फ़ सीमित मामलों में मिलता है।
दर बदल सकती है। यह न मानें कि आज की दर 21 साल तक रहेगी।
कोई साल न चूकें। कम से कम ₹250 जमा करने के लिए सालाना रिमाइंडर लगाएँ।
सुकन्या समृद्धि कैलकुलेटर
अपनी मैच्योरिटी राशि का अनुमान लगाएँ
आपकी जानकारी
मान बदलकर देखें कि बचत कैसे बढ़ सकती है।
एक वित्तीय वर्ष में कम से कम ₹250 और ज़्यादा से ज़्यादा ₹1,50,000।
खाता बेटी के 10 साल की होने तक खोला जा सकता है।
अक्टूबर से दिसंबर 2026 के लिए 8.2%। सरकार इसे हर तिमाही बदल सकती है।
आपका अनुमान
एक उदाहरण, गारंटीशुदा रिटर्न नहीं।
मैच्योरिटी राशि
₹0
21वें साल के अंत में अनुमानित मैच्योरिटी राशि। जमा 15वें साल के बाद रुक जाता है; ब्याज 6 साल और मिलता रहता है।
साल-दर-साल बढ़त
साल 1 से 15 तक जमा, फिर 21वें साल तक सिर्फ़ ब्याज।
| वर्ष | बेटी की उम्र | जमा | ब्याज | साल के अंत का बैलेंस |
|---|
यह अनुमान कैसे बना है
कैलकुलेटर मानता है कि आप हर वित्तीय वर्ष की शुरुआत में पूरी सालाना रक़म 15 साल तक जमा करते हैं और ब्याज साल में एक बार आपकी दी गई दर पर जुड़ता है।
असल खातों में ब्याज हर महीने की 5 तारीख़ से महीने के अंत तक के सबसे कम बैलेंस पर गिना जाता है और साल के अंत में जुड़ता है। महीने की 5 तारीख़ से पहले, और बेहतर होगा अप्रैल में जमा करने से सबसे अच्छा नतीजा मिलता है।
याद रखने लायक़ नियम
- 18 साल या 10वीं पास होने के बाद पिछले वित्तीय वर्ष के अंत के बैलेंस का 50% तक निकाल सकते हैं।
- 18 साल के बाद शादी के लिए खाता समय से पहले बंद किया जा सकता है।
- बेटी के 18 साल की होने तक खाता अभिभावक ही चलाते हैं।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
SSY खाता कौन खोल सकता है?
भारत की निवासी, 10 साल से कम उम्र की बेटी के लिए माता-पिता या क़ानूनी अभिभावक खाता खोल सकते हैं। इसके लिए बेटी का जन्म प्रमाणपत्र और अभिभावक का पहचान व पते का प्रमाण चाहिए।
हर साल कितना जमा करना चाहिए?
₹250 से ₹1,50,000 तक कुछ भी। वही रक़म चुनें जो आप पूरे 15 साल निभा सकें। ऊपर के स्लाइडर से देखें कि हर ₹10,000 मैच्योरिटी पर कितना जोड़ता है।
अगर कोई साल चूक जाए तो?
खाता निष्क्रिय हो जाता है। 15 साल की जमा अवधि पूरी होने से पहले हर चूके साल के लिए न्यूनतम जमा और थोड़ा जुर्माना देकर इसे दोबारा चालू किया जा सकता है।
क्या मैच्योरिटी राशि पर टैक्स लगता है?
आज के नियमों में ब्याज और मैच्योरिटी राशि टैक्स-फ़्री हैं। जमा पर 80C की कटौती सिर्फ़ पुरानी टैक्स व्यवस्था में मिलती है। नियम बदल सकते हैं, इसलिए आयकर विभाग की वेबसाइट पर पुष्टि कर लें।
क्या पढ़ाई के लिए पैसे निकाल सकते हैं?
हाँ। बेटी के 18 साल की होने या 10वीं पास करने के बाद, उसकी उच्च शिक्षा के लिए पिछले वित्तीय वर्ष के अंत के बैलेंस का 50% तक निकाला जा सकता है।
क्या 8.2% दर 21 साल तक वही रहेगी?
नहीं। सरकार हर तिमाही दर अधिसूचित करती है और आपके बैलेंस पर उस समय की लागू दर मिलती है। इस कैलकुलेटर को अनुमान मानें और दर बदलने पर दोबारा गणना करें।
यह कैलकुलेटर सिर्फ़ जानकारी के लिए है, वित्तीय सलाह नहीं। नतीजे अनुमान हैं। फ़ैसला लेने से पहले मौजूदा दर और नियम डाकघर या अपने बैंक से ज़रूर जाँचें।