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सरल गाइड

सुकन्या समृद्धि योजना (SSY): ब्याज दर, नियम, निकासी और खाता कैसे खोलें

सुकन्या समृद्धि योजना की पूरी जानकारी: कौन खाता खोल सकता है, मौजूदा 8.2% ब्याज दर, सालाना सीमा, 15 साल की जमा अवधि, निकासी के नियम, खाता कैसे खोलें और एक उदाहरण।

सुकन्या समृद्धि योजना (SSY) बेटी के भविष्य के लिए सरकार की बचत योजना है, मुख्य रूप से उसकी पढ़ाई और शादी के खर्च के लिए। माता-पिता या कानूनी अभिभावक बेटी के नाम खाता खोलते हैं, 15 साल तक पैसे जमा करते हैं और खाते की अवधि पूरी होने पर ब्याज समेत पूरी रकम मिलती है। यह छोटी बचत योजनाओं में सबसे ज़्यादा ब्याज देने वाली योजनाओं में है, और ब्याज व मैच्योरिटी की रकम पर टैक्स नहीं लगता।

मुख्य बातें

  • खाता ऐसी बेटी के लिए खुल सकता है जिसकी उम्र 10 साल से कम हो।
  • एक वित्तीय वर्ष (अप्रैल से मार्च) में ₹250 से ₹1.5 लाख तक जमा कर सकते हैं।
  • पैसे खाता खुलने की तारीख से 15 साल तक जमा होते हैं। खाता खुलने के 21 साल बाद मैच्योर होता है।
  • ब्याज दर सरकार हर तिमाही तय करती है। अक्टूबर से दिसंबर 2026 के लिए यह 8.2% सालाना है।
  • ब्याज और मैच्योरिटी की रकम पर इनकम टैक्स नहीं लगता।

SSY एक नज़र में

बातनियम क्या कहते हैं
कौन खोल सकता है10 साल से कम उम्र की बेटी के लिए उसके स्वाभाविक या कानूनी अभिभावक (आमतौर पर माता या पिता)।
कितने खातेएक बेटी का एक खाता। आम तौर पर एक परिवार में दो बेटियों के खाते। अगर दूसरे प्रसव में जुड़वाँ या तीन बच्चियाँ हों, तो हर बच्ची का खाता खुल सके, इसके लिए अतिरिक्त खाते की अनुमति है।
कहाँकोई भी डाकघर या अधिकृत बैंक शाखा।
न्यूनतम जमाखाता चालू रखने के लिए साल में ₹250।
अधिकतम जमाएक वित्तीय वर्ष में ₹1,50,000। एक बार में या कई किस्तों में जमा कर सकते हैं।
जमा की अवधिखाता खुलने की तारीख से 15 साल।
मैच्योरिटीखाता खुलने की तारीख से 21 साल।
ब्याजवित्त मंत्रालय हर तिमाही तय करता है, सालाना जुड़ता है। अक्टूबर से दिसंबर 2026 के लिए 8.2%।

ब्याज कैसे गिना जाता है

हर महीने की 5 तारीख से महीने के अंत तक खाते में जो सबसे कम बैलेंस रहता है, उस पर ब्याज गिना जाता है, और वित्तीय वर्ष के अंत में खाते में जुड़ता है। आसान शब्दों में: हर महीने की 5 तारीख से पहले पैसे जमा करें, ताकि उस पूरे महीने का ब्याज मिले। 6 तारीख को जमा किए पैसे पर उस महीने कोई ब्याज नहीं मिलता।

15 साल बाद जमा बंद हो जाने पर भी खाते की बची रकम पर 21 साल पूरे होने तक ब्याज मिलता रहता है। दर हर तिमाही बदल सकती है, इसलिए अंतिम रकम बीच के सालों की दरों पर निर्भर करेगी।

एक उदाहरण

यह सिर्फ़ मोटा अनुमान है। इसमें मान लिया गया है कि पूरे समय दर 8.2% रहती है और हर साल की पूरी रकम अप्रैल में 5 तारीख से पहले जमा होती है। असली नतीजा अलग होगा क्योंकि दरें बदलती रहती हैं।

हर साल जमा (15 साल)कुल जमा राशि21 साल बाद अनुमानित बैलेंस
₹12,000 (लगभग ₹1,000 महीना)₹1.8 लाखलगभग ₹5.7 लाख
₹50,000₹7.5 लाखलगभग ₹23.9 लाख
₹1,50,000₹22.5 लाखलगभग ₹71.8 लाख

SSY खाता कैसे खोलें

इन दस्तावेज़ों की ज़रूरत होगी:

  • भरा हुआ SSY खाता खोलने का फ़ॉर्म (डाकघर या बैंक में मिलता है)।
  • उम्र के सबूत के तौर पर बेटी का जन्म प्रमाणपत्र।
  • अभिभावक का पहचान और पते का सबूत, जैसे आधार। कुछ बैंक अभिभावक का पैन भी माँगते हैं, इसलिए पहले पूछ लें।
  • फ़ोटो और पहली जमा राशि (कम से कम ₹250), नकद, चेक या ड्राफ़्ट से।
  1. SSY की सुविधा वाले डाकघर या अधिकृत बैंक शाखा में जाएँ।
  2. फ़ॉर्म भरें और दस्तावेज़ लगाएँ।
  3. पहली रकम जमा करें और पासबुक लें।
  4. इसके बाद शाखा में जमा कर सकते हैं, और कई बैंक व डाकघर नेट बैंकिंग या India Post ऐप से ऑनलाइन जमा भी करने देते हैं।

खाता सिर्फ़ बेटी के माता-पिता या कानूनी अभिभावक को खोलना चाहिए। किसी और के खोले खाते, या अनुमत संख्या से ज़्यादा खाते, अनियमित माने जा सकते हैं। इसलिए पहली बार में ही सही तरीके से खोलें।

निकासी, खाता बंद करना और मैच्योरिटी

  • उच्च शिक्षा के लिए आंशिक निकासी। बेटी के 18 साल की होने या 10वीं पास करने के बाद (जो पहले हो), पिछले वित्तीय वर्ष के अंत के बैलेंस का 50% तक निकाल सकते हैं। इसके लिए दाखिले का सबूत और फ़ीस की जानकारी चाहिए। रकम एक बार में या किस्तों में (साल में एक किस्त, अधिकतम पाँच साल तक) ले सकते हैं।
  • शादी के लिए खाता बंद करना। बेटी की उम्र कम से कम 18 साल हो और शादी हो रही हो, तभी। शादी से एक महीना पहले से तीन महीने बाद तक आवेदन कर सकते हैं।
  • मैच्योरिटी पर। 21 साल पूरे होने पर ब्याज समेत पूरा बैलेंस मिलता है। मैच्योरिटी के बाद ब्याज नहीं जुड़ता।
  • खाता खुद चलाना। 18 साल की होने के बाद बेटी अपना KYC जमा करके खाता खुद चला सकती है।
  • समय से पहले बंद करना। 5 साल बाद सिर्फ़ ख़ास हालात में: खाताधारक या अभिभावक की मृत्यु, जानलेवा बीमारी या गंभीर आर्थिक तंगी। इसके लिए सबूत देना होता है।

अगर किसी साल जमा चूक जाएँ

अगर किसी वित्तीय वर्ष में कम से कम ₹250 जमा नहीं किए, तो खाता डिफ़ॉल्ट हो जाता है। 15 साल की जमा अवधि के भीतर आप हर चूके हुए साल के लिए ₹50 जुर्माना और ₹250 न्यूनतम राशि भरकर इसे फिर चालू कर सकते हैं। हर साल जमा का रिमाइंडर लगा लें।

SSY पर टैक्स

  • ब्याज इनकम टैक्स से मुक्त है।
  • मैच्योरिटी की रकम इनकम टैक्स से मुक्त है।
  • आपकी जमा राशि पर साल में ₹1.5 लाख तक की कटौती (PPF, ELSS जैसी दूसरी योग्य चीज़ों के साथ मिलाकर) सिर्फ़ पुरानी टैक्स व्यवस्था में मिलती है। नई व्यवस्था में जमा पर कटौती नहीं है।

SSY और PPF की तुलना

दोनों टैक्स के लिहाज़ से अच्छी सरकारी योजनाएँ हैं और दोनों में सालाना सीमा ₹1.5 लाख है। SSY में अभी ज़्यादा ब्याज मिलता है (8.2%, PPF में 7.1%), लेकिन यह सिर्फ़ बेटी के लिए है, 21 साल चलती है और निकासी सीमित है। PPF किसी भी व्यक्ति के लिए है और 15 साल का होता है। बेटी वाला परिवार दोनों इस्तेमाल कर सकता है, क्योंकि दोनों की ₹1.5 लाख की सीमा अलग है। हमारी गाइड PPF क्या है? पढ़ें और PPF कैलकुलेटर आज़माएँ।

स्रोत

आख़िरी जाँच: 27 अक्टूबर 2026। दरें और नियम बदल सकते हैं, इसलिए कदम उठाने से पहले अपने डाकघर या बैंक से ताज़ा जानकारी की पुष्टि कर लें। यह गाइड सामान्य जानकारी है, वित्तीय सलाह नहीं।

कदम उठाने से पहले: नियम और समयसीमा बदल सकते हैं। संबंधित सरकारी विभाग या सेवा प्रदाता से वर्तमान जानकारी की पुष्टि करें।

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